Uncategorized

अडाणी पोर्ट्स को ₹1289 करोड़ का ग्लोबल लोन मिला: भ्रष्टाचार मामले में क्लीन चिट के बाद पहला लोन; ₹2,029 करोड़ की रिश्वत देने का आरोप था

अडाणी पोर्ट्स को ₹1289 करोड़ का ग्लोबल लोन मिला:  भ्रष्टाचार मामले में क्लीन चिट के बाद पहला लोन; ₹2,029 करोड़ की रिश्वत देने का आरोप था

Last Updated on मई 22, 2025 18:39, अपराह्न by Pawan

 

पिछले महीने कंपनी ने 750 मिलियन डॉलर का बॉन्ड इश्यू करके एक कंस्ट्रक्शन कंपनी को खरीदा था।

गौतम अडाणी की कंपनी अडाणी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन (APSEZ) को सिंगापुर की डीबीएस ग्रुप से 150 मिलियन डॉलर (करीब 1289 करोड़ रुपए) का लोन मिला है। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक यह लोन 4 साल के लिए लिया गया है।

 

भ्रष्टाचार मामले में क्लीन चिट मिलने के अडाणी ग्रुप की किसी कंपनी को मिलने वाला ये पहला ग्लोबल लोन है। कंपनी इस कर्ज का इस्तेमाल कैपिटल एक्सपेंडिचर के लिए करेगी।

6 हजार करोड़ के लोन के लिए बातचीत कर रही कंपनी

अदाणी ग्रुप अपने एयरपोर्ट बिजनेस के लिए बार्कलेज, फर्स्ट अबु धाबी बैंक और स्टैंडर्ड चार्टर्ड से 750 मिलियन डॉलर (करीब 6450 करोड़ रुपए) के लोन पर भी बातचीत कर रहा है।

पिछले महीने कंपनी ने 750 मिलियन डॉलर का बॉन्ड इश्यू करके एक कंस्ट्रक्शन कंपनी को खरीदा था। इस बॉन्ड में ब्लैकरॉक जैसी दिग्गज कंपनी ने भी निवेश किया था।

रिश्वत मामले में अडाणी को क्लीन चिट मिली थी

इससे पहले अडाणी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अडाणी और भतीजे सागर अडाणी के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों पर अमेरिकी जस्टिस डिपार्टमेंट की जांच में कोई सबूत नहीं मिले थे। अडानी ग्रीन एनर्जी ने बयान में कहा कि चेयरमेन सहित कंपनी के टॉप अधिकारियों की स्वतंत्र जांच में कोई अनियमितता नहीं मिली।

दरअसल, नवंबर 2024 में अडाणी समेत 8 लोगों पर सरकारी अधिकारियों को 250 मिलियन डॉलर यानी करीब 2,029 करोड़ रुपए की रिश्वत देने का आरोप लगाया गया था।

चौथी तिमाही में अदाणी पोर्ट्स का मुनाफा 48% बढ़कर ₹3014 करोड़ पहुंचा

अडाणी ग्रुप की कंपनी अडाणी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन (SEZ) ने वित्त वर्ष 2024-25 की चौथी तिमाही (Q4FY25) में 8,770 करोड़ रुपए की कुल कमाई की है। यह पिछले साल के मुकाबले 21.81% ज्यादा है। पिछले साल की समान तिमाही में कंपनी ने 7,200 करोड़ रुपए की कमाई की थी।

कुल कमाई में से कर्मचारियों की सैलरी, टैक्स, कच्चे माल की कीमत जैसे खर्चे निकाल दें तो कंपनी के पास 3,014 करोड़ रुपए शुद्ध मुनाफे (कंसॉलिडेटेड नेट प्रॉफिट) के रूप में बचे। सालाना आधार (2024 के जनवरी-मार्च) पर यह 47.74% ज्यादा रहा। वहीं, पिछली तिमाही यानी अक्टूबर-दिसंबर के मुकाबले यह 20% बढ़ा है।

 

Source link

Click to comment

Leave a Reply

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Most Popular

To Top