Last Updated on सितम्बर 2, 2025 14:52, अपराह्न by Khushi Verma
Share Market Rise: भारतीय शेयर बाजार आज 2 सितंबर को लगातार दूसरे दिन तेजी के साथ कारोबार करते हुए दिखाई दिए। सुबह 10.30 बजे के करीब, सेंसेक्स 339.72 अंक या 0.42 फीसदी उछलकर 80,704.21 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। वहीं निफ्टी 115.45 अंक या 0.47 फीसदी उछलकर 24,740.50 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। लगभग सभी सेक्टोरल इंडेक्स भी हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। बीएसई मिडकैप इंडेक्स में 0.54 फीसदी और बीएसई स्मॉलकैप इंडेक्स में 1.04 फीसदी तक की तेदी देखने को मिली।
शेयर बाजार में आज की तेजी के पीछे 4 बड़े कारण रहे-
1. जीएसटी काउंसिल की बैठक से उम्मीदें
गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (GST) काउंसिल की आगामी 3-4 सितंबर को नई दिल्ली में बैठक होने वाली है। इस बैठक में जीएसटी स्ट्रक्चर में बड़े सुधारों को मंजूरी मिलने की उम्मीद है। माना जा रहा है कि नए सुधारों के बाद शैंपू और छोटी कारों से लेकर कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स तक लगभग 175 समानों पर जीएसटी दरों में 10 प्रतिशत तक की कटौती हो सकती है। इसके अलावा अधिकतर कंज्यूमर गुड्स को 5 प्रतिशत के जीएसटी दायरे में लाया जा सकता है।
इसके चलते निफ्टी FMCGs इंडेक्स आज 1 फीसदी से अधिक की तेजी के साथ कारोबार करते हुए दिखाई दिए। डाबर और इमामी जैसी कंपनियों के शेयरों में 3 प्रतिशत तक की तेजी देखने को मिली।
2. रिलायंस को लेकर बुलिश रिपोर्ट
सेंसेक्स और निफ्टी इंडेक्स में सबसे अधिक वेटेज वाली कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में आज 2 फीसदी से अधिक की तेजी देखने को मिली। रिलायंस के शेयरों में तेजी के चलते सिर्फ सेंसेक्स और निफ्टी ही नहीं, बल्कि ऑयल एंड गैस इंडेक्स को 1.3 फीसदी तक बढ़ने में मदद मिली। यह तेजी ग्लोबल ब्रोकरेज मॉर्गन स्टैनली की एक रिपोर्ट के बाद आई।
मॉर्गन स्टैनली ने रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों को ओवरवेट की रेटिंग दी है और इसके टारगेट प्राइस को 1,602 रुपये से बढ़ाकर 1701 रुपये कर दिया है। यह सोमवार के बंद स्तर से करीब 26 फीसदी तेजी का अनुमान है। ब्रोकरेज ने कहा कि रिलायंस के मौजूदा वैल्यूएशन में उसके न्यू एनर्जी और AI इनवेस्टमेंट्स के लिए लगभग जीरो वैल्यू दिखाता है।
इससे पहले मोतीलाल ओसवाल ने भी हाल ही में रिलायंस के AGM के बाद उसके शेयरों पर अपनी ‘buy’ की रेटिंग दोहराई थी और इसे 1700 रुपये का टारगेट प्राइस दिया था।
3. मजबूत GDP आंकड़ों से मिला सपोर्ट
भारत-अमेरिका के रिश्तों में आए तनाव के बीच, जून तिमाही के GDP आंकड़ों ने भारतीय इकोनॉमी में निवेशकों को भरोसा मजबूत किया है। जून तिमाही में भारत की GDP ग्रोथ रेट 7.8 फीसदी रही, जो पिछली 5 तिमाहियों में सबसे तेज है।
4. शुगर कंपनियों के शेयरों में भारी तेजी
शुगर कंपनियों के शेयरों में आज 2 सितंबर को 12 फीसदी तक की भारी उछाल देखने को मिली। यह उछाल सरकार के एक फैसले के बाद आया है, जिसमें गन्ने के रस, चीनी सिरप और शीरे से एथेनॉल उत्पादन पर लगी लिमिट को साल 2025-26 के लिए हटा दिया गया है। सरकार ने इससे पहले मौजूदा मार्केटिंग ईयर में गन्ने के रस, सिरप और सभी तरह के शीरे से एथेनॉल उत्पादन पर रोक लगा रखी थी। इसकी वजह गन्ने की सप्लाई में कमी बताया गया था।
टेक्निकल एक्सपर्ट्स का क्या है कहना?
चॉइस ब्रोकिंग के सीनियर टेक्निकल एंड डेरिवेटिव एनालिस्ट, मंदार भोजने ने कहा, “डेली चार्ट पर निफ्टी ने मॉर्निंग स्टार कैंडलस्टिक पैटर्न बनाया है, जो बाजार में रिवर्सल और नई मजबूती का संकेत देता है। इंडेक्स इस समय अपने लॉन्ग-टर्म EMA से ऊपर ट्रेड कर रहा है और शॉर्ट-टर्म और मीडियम-टर्म EMA के करीब पहुंच रहा है, जिससे ट्रेंड में सुधार दिख रहा है। डाउनसाइड पर निफ्टी के लिए तुरंत सपोर्ट 24,400 पर है, इसके बाद 24,000 का लेवल अहम रहेगा। इन लेवल्स के नीचे गिरावट आती है तो बिकवाली का दबाव बढ़ सकता है।”
अपसाइड पर निफ्टी के लिए रेजिस्टेंस 24,700 पर है, इसके बाद 24,800–25,000 का जोन अहम होगा। इस जोन के ऊपर मजबूत ब्रेकआउट मिलता है तो नई खरीदारी के मौके खुल सकते हैं