Last Updated on दिसम्बर 16, 2025 17:00, अपराह्न by Khushi Verma
Upper Circuit Stock: भारतीय शेयर बाजारों में आज फिर गिरावट रही। बीएसई का सेंसेक्स 533 अंक टूट गया। कल भी सेंसेक्स टूटा था। लेकिन इस गिरावट में भी ए-1 लिमिटेड के शेयर हर रोज अपर सर्किट में बंद हो रहे हैं। आज भी यह पांच फीसदी चढ़ कर 2055 रुपये पर बंद हुआ। कंपनी ने लिक्विडिटी बढ़ाने और शेयरधारकों को पुरस्कृत करने के लिए 3:1 बोनस और 10:1 स्टॉक विभाजन के लिए 31 दिसंबर की रिकॉर्ड तिथि तय की है।
क्या है बोर्ड का फैसला
ए-1 लिमिटेड (पूर्व में ए-1 एसिड लिमिटेड) ने बीएसई को कल ही सूचित किया है कि कंपनी ने 3:1 बोनस इश्यू और 10:1 स्टॉक स्प्लिट के लिए शेयरधारकों की पात्रता निर्धारित करने हेतु 31 दिसंबर 2025 को रिकॉर्ड तिथि निर्धारित की है। इससे पहले 14 नवंबर को हुई निदेशक मंडल की बैठक में दोनों प्रस्तावों को मंजूरी दी गई थी। इस कदम का उद्देश्य तरलता बढ़ाना और शेयरधारकों को लाभ पहुंचाना है। कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर ने 3:1 के अनुपात में बोनस इक्विटी शेयर जारी करने को मंजूरी दी है। कंपनी ने 10 रुपये के पूर्णतः भुगतान किए गए अंकित मूल्य के एक इक्विटी शेयर को 1 रुपये के पूर्णतः भुगतान किए गए अंकित मूल्य के 10 इक्विटी शेयरों में उप-विभाजित करने को भी मंजूरी दी है।
तीन दिनों से लगातार अपर सर्किट
बीएसई के आंकड़ों को देखें तो इस कंपनी के शेयर में बीते 28 नवंबर से रोज लोअर सर्किट लग रहा था। 12 दिसंबर मतलब कि बीते शुक्रवार से इसके शेयरों में हर रोज अपर सर्किट लगने लगा। इधर इस सप्ताह कल और आज शेयर बाजार में भारी गिरावट दिखी है। तब भी इस कंपनी के शेयर अपर सर्किट में हैं। यह सोमवार को 1957.25 रुपये पर बंद हुआ था। आज यह 2055.10 रुपये पर जो कि आज के लिए इसका अपर सर्किट है। इस बीच कारोबार के दौरान इसका शेयर 2055.05 रुपये तक गिरा था, लेकिन थोड़ी ही देर में 2055.10 रुपये पर पहुंच गया। इस शेयर में अपर और लोअर सर्किट का बैंड पांच फीसदी का है।
कंपनी को मिला है बड़ा ऑर्डर
कंपनी ने हाल ही में बीएसई को बताया था कि उसने 10,000 टन कंसंट्रेटेड नाइट्रिक एसिड की सप्लाई के लिए अग्रणी कंपनियों के साथ त्रिपक्षीय आपूर्ति समझौता किया है। यह एक दीर्घकालिक आपूर्ति समझौता है जिसके तहत नवंबर 2025 से मार्च 2026 के दौरान औद्योगिक उपयोग के लिए 10,000 नाइट्रिक एसिड की आपूर्ति की जाएगी। यही नहीं, इस समझौते में आपसी सहमति से अतिरिक्त मात्रा की आपूर्ति का भी प्रावधान है। इस त्रिपक्षीय आपूर्ति समझौते में उर्वरक और रसायन क्षेत्र की प्रमुख कंपनी गुजरात नर्मदा वैली फर्टिलाइजर्स एंड केमिकल्स लिमिटेड (GNFC) निर्माता के रूप में, जबकि सोलर इंडस्ट्रीज इंडिया लिमिटेड और समूह की कंपनियां खरीदार और अंतिम उपयोगकर्ता के रूप में शामिल हैं। ए-1 लिमिटेड ने पूरे सौदे के लिए डीलर की भूमिका निभाई।